Free ration card update: अगर आप उत्तर प्रदेश के राशन कार्ड धारक हैं और हर महीने मिलने वाले मुफ्त राशन से अपने परिवार का सहारा बनाए हुए हैं, तो यह खबर आपके लिए बेहद जरूरी है। सरकार अब चाहती है कि राशन योजना का लाभ केवल उन्हीं लोगों तक पहुंचे जो वास्तव में इसके हकदार हैं। इसी उद्देश्य से राशन कार्ड अपडेट के तहत आधार बायोमेट्रिक ई केवाईसी को अनिवार्य कर दिया गया है। यह फैसला लाखों गरीब और जरूरतमंद परिवारों से जुड़ा हुआ है। इसलिए समय रहते जानकारी समझना और सही कदम उठाना बहुत जरूरी हो गया है।
ई केवाईसी क्यों अनिवार्य की गई
सरकार ने यह निर्णय राशन वितरण प्रणाली को पारदर्शी और मजबूत बनाने के लिए लिया है। राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम 2013 के अंतर्गत जारी अंत्योदय और पात्र गृहस्थी राशन कार्डों में कई बार अपात्र नाम शामिल हो जाते हैं। आधार बायोमेट्रिक ई केवाईसी से प्रत्येक लाभार्थी की पहचान सुनिश्चित होगी। इससे फर्जी कार्ड, दोहरे नाम और गलत लाभ को रोका जा सकेगा। सरकार का साफ उद्देश्य है कि हर गरीब परिवार तक पूरा और सही राशन समय पर पहुंचे और किसी भी तरह की गड़बड़ी न हो।
ई केवाईसी न कराने पर क्या नुकसान होगा?
खाद्य एवं रसद विभाग ने स्पष्ट किया है कि तय समय सीमा तक ई केवाईसी पूरी न कराने पर राशन वितरण अस्थायी रूप से रोक दिया जाएगा। यदि 31 अगस्त तक आधार बायोमेट्रिक सत्यापन नहीं हुआ। तो 1 सितंबर से अगले तीन महीनों तक राशन नहीं मिलेगा। यह फैसला सुनने में सख्त लग सकता है, लेकिन इसका मकसद व्यवस्था को सुधारना है। समय पर ई केवाईसी न होने से परिवार की रसोई पर सीधा असर पड़ सकता है, इसलिए इसे हल्के में लेना भारी पड़ सकता है।
ई केवाईसी कैसे और कहां कराएं
ई केवाईसी की प्रक्रिया को आसान रखा गया है ताकि ग्रामीण और शहरी सभी लोग इसे कर सकें –
- राशन कार्ड धारक अपनी नजदीकी उचित मूल्य की दुकान पर जाकर ई पास मशीन के माध्यम से बायोमेट्रिक सत्यापन करा सकते हैं।
- इस प्रक्रिया में केवल उंगलियों का निशान लिया जाता है और कुछ ही मिनटों में केवाईसी पूरी हो जाती है।
- यदि किसी बुजुर्ग, दिव्यांग या बीमार व्यक्ति का बायोमेट्रिक सत्यापन नहीं हो पाता, तो वे अपने क्षेत्रीय खाद्य अधिकारी से संपर्क कर वैकल्पिक व्यवस्था करवा सकते हैं।