Land Registry Update : जमीन रजिस्ट्री पर नया नियम लागू, रजिस्ट्री हो सकती है रद्द जान लो नया नियम
Land Registry Update: देश में जमीन की रजिस्ट्री को लेकर सरकार ने एक बड़ा बदलाव कर दिया है। अब यदि रजिस्ट्री के दौरान कोई गलत दस्तावेज़ पकड़ा जाता है, तो उस रजिस्ट्री को तुरंत रोक दिया जाएगा और आगे की प्रक्रिया भी रद्द हो सकती है। इस नए नियम के लागू होने के बाद जमीन खरीदने-बेचने वाले लोगों में काफी सतर्कता बढ़ गई है।
अब तक कई लोग अनजाने में भी गलत या पुराने दस्तावेज़ जमा कर देते थे, लेकिन अब नए नियम के बाद छोटी गलती भी रजिस्ट्री पर बड़ा असर डाल सकती है। रजिस्ट्री कार्यालय अब सभी दस्तावेज़ों की जांच डिजिटल सिस्टम से तुरंत करेगा, जिससे गलती या गड़बड़ी जल्दी पकड़ में आ जाएगी।
नया नियम क्या कहता है
नए नियम के अनुसार जमीन की रजिस्ट्री के लिए दिए गए हर दस्तावेज़ को अब सीधे सरकारी रिकॉर्ड से मिलाया जाएगा। यदि दस्तावेज़ में कोई अंतर पाया जाता है या वह असली रिकॉर्ड से मेल नहीं खाता, तो रजिस्ट्री उसी समय रोक दी जाएगी। इस व्यवस्था का मुख्य उद्देश्य फर्जीवाड़े को रोकना और रजिस्ट्री प्रक्रिया को पूरी तरह सुरक्षित बनाना है।
गलत दस्तावेज़ मिलने पर क्या होगा
यदि किसी व्यक्ति द्वारा गलत, झूठा या संदिग्ध दस्तावेज़ दिया जाता है, तो रजिस्ट्री तुरंत रद्द कर दी जाएगी। इसके साथ ही उस व्यक्ति पर कानूनी कार्रवाई भी की जा सकती है। सरकार के अनुसार अब तक कई ऐसे मामले सामने आए हैं जिनमें फर्जी दस्तावेज़ों के आधार पर जमीन बेची या खरीदी गई थी। नया नियम ऐसे मामलों को खत्म करने के लिए लागू किया गया है।
रजिस्ट्री प्रक्रिया अब कैसे बदलेगी
नई व्यवस्था में रजिस्ट्री की प्रक्रिया पहले की तुलना में अधिक तेज और सुरक्षित हो जाएगी। सभी दस्तावेज़ अब रियल-टाइम में ऑनलाइन रिकॉर्ड से मिलाए जाएंगे। अधिकारी जमीन के मालिकाना हक, विवाद की स्थिति, खसरा-खतौनी जैसी सभी जानकारी तुरंत चेक कर सकेंगे। इससे गलत जमीन बेचने या किसी विवादित संपत्ति की रजिस्ट्री होने की संभावना बहुत कम हो जाएगी।
खरीदारों को क्या सावधानी रखनी चाहिए
जमीन खरीदने वालों को अब बहुत सावधानी से दस्तावेज़ तैयार करने होंगे। सभी कागज़ात सरकारी पोर्टल पर दर्ज रिकॉर्ड से मेल खाने चाहिए। जमीन के असली मालिक, बाउंड्री, खसरा नंबर और अन्य जानकारी पूरी तरह सही होनी चाहिए। थोड़ी भी गड़बड़ी रजिस्ट्री रोक सकती है। खरीदारों के लिए यह आवश्यक है कि वे विक्रेता के सभी दस्तावेज़ पहले खुद जांच लें।
सरकार का यह नया नियम जमीन रजिस्ट्री में पारदर्शिता लाने और धोखाधड़ी रोकने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है। इससे खरीदार और विक्रेता दोनों को फायदा होगा, क्योंकि रजिस्ट्री प्रक्रिया अब पहले से ज्यादा सुरक्षित और स्पष्ट हो गई है। गलत दस्तावेज़ों का उपयोग लगभग असंभव हो जाएगा, जिससे भविष्य में जमीन विवाद भी कम होंगे,।